कैबिनेट ने प्रवासियों और प्रत्यावर्तनों के राहत और पुनर्वास के लिए अम्ब्रेला योजना को मंजूरी दी

देश की कैबिनेट ने वर्ष 2020 तक गृह मंत्रालय में 8 मौजूदा योजनाओं की निरंतरता के लिए अपनी मंजूरी दे दी है. जिसमे अम्ब्रेला योजना के तहत प्रवासियों और प्रत्यावर्तनों के राहत और पुनर्वास के लिए मंजूरी भी प्रदान की है. यह योजनाएं शरणार्थियों, एलडब्ल्यूई हिंसा के नागरिक पीड़ितों, विस्थापित व्यक्तियों, आतंकवादी और आईईडी विस्फोटों को राहत और पुनर्वास को सहायता भी देगी. इसमें विभिन्न घटनाओं आदि के दंगा पीड़ित भी शामिल हैं.

मंत्रालय की मौजूदा 8 योजनाओं निरंतरता के लिए संचालन में हैं. जिनसे लाभ स्वीकृत मानदंडों के अनुसार इच्छित लाभार्थियों को बढ़ाया जाएगा.

संख्या गृह मंत्रालय की मौजूदा 8 योजनाओं
1 POK और छम्ब से विस्थापित परिवारों का निपटारा वे जम्मू-कश्मीर में बस गए
2 लैंड बाउंडरी एग्रीमेंट (एलबीए) के तहत भारत और बांग्लादेश के बीच संलग्नक के हस्तांतरण के बाद बांग्लादेशी एन्क्लेव्स और कूच बिहार जिले के बुनियादी ढांचे का पुनर्वास पैकेज और उन्नयन हुआ
3 तमिलनाडु और ओडिशा में शिविरों में रहने वाले श्रीलंकाई शरणार्थियों को राहत और सहायता प्रदान की गयी
4 तिब्बती बस्तियों के प्रशासनिक और सामाजिक कल्याण व्यय के लिए 5 वर्षों के लिए केंद्रीय तिब्बती राहत समिति (सीटीआरसी) को अनुदान सहायता
5 त्रिपुरा के राहत शिविरों में दर्ज ब्रूस के रखरखाव के लिए त्रिपुरा सरकार को अनुदान सहायता
6 त्रिपुरा से मिजोरम तक ब्रू और रेआंग परिवारों का पुनर्वास
7 भारतीय पीड़ितों पर आतंकवादी, सांप्रदायिक, एलडब्ल्यूई हिंसा और क्रॉस सीमा फायरिंग और खान और आईईडी विस्फोटों के नागरिकों के नागरिकों के लिए सहायता के लिए केंद्रीय योजना
8 1984 के सिख दंगों के दौरान प्रति मृत व्यक्ति 5.00 लाख रुपये बढे.

इन्हें भी देखें:
आयुष्मान भारत योजना 2018
खेलो इंडिया कार्यक्रम योजना
रैपिड रिपोर्टिंग सिस्टम किशोर लड़कियों के लिए