विश्व स्तनपान सप्ताह 2025 – World Breastfeeding Week in Hindi
- विवेक कुमार
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विश्व नवजात शिशु सप्ताह कब और क्यों मनाया जाता है?
World Breastfeeding Week in Hindi – विश्व में प्रति वर्ष 1 अगस्त से 7 अगस्त तक विश्व स्तनपान सप्ताह (दिवस) मनाया जाता है. इस दिवस का मुख्य उद्देश्य विश्व भर की महिलाओ को स्तनपान के महत्व के बारे में बताना है. क्योंकि महिलाएं बदलती जीवनशैली और कामकाज में इतनी व्यस्त होती है की अपने बच्चो को स्तनपान करवाने का समय नहीं निकाल पाती है.
एक नवजात शिशुओं के लिए माँ का दूध अमृत के सामान होता है. जो की बच्चे के पुरे जीवन में कुपोषण व अतिसार जैसी बीमारियों से रक्षा करता है. विश्व स्तनपान दिवस या सप्ताह को बढ़ावा देकर विश्व भर में बच्चो की मृत्यु दर में कमी लाई जा सकती है.
विश्व के हर एक महिला को बच्चे को जन्म से 6 महीने तक केवल अपना ही दूध पिलाना चाहिए. माँ का दूध ही बच्चे के लिए सर्वोत्तम आहार होता है.
विश्व नवजात शिशु सप्ताह 2025 – बच्चे को स्तनपान कराने से माँ को होने वाले लाभ:
- बच्चे को स्तनपान कराने से माँ का प्रसव के बाद होने वाले रक्त स्राव को रुक जाता है जिससे माँ में खून की कमी होने का खतरा कम हो जाता है.
- बच्चे को स्तनपान कराने से विश्व की अधिकतर माँ को मोटापे की शिकायत नहीं होती.
- यह बच्चों के जन्म में अंतर रखने में भी सहायक होता है.
- स्तनपान कराने से माँ के स्तन और अंडाशय में कैंसर का खतरा कम हो जाता है.
- साथ ही स्तनपान माँ की हड्डियों की कमजोरी से बचाता है.
- माँ से मिलने वाले दूध में कोलेस्ट्रम होता है जो की शिशु को प्रतिरोधक को बढाता है और शिशु को रोगों से बचाने के साथ उसकी अच्छे से वृद्धि करता है.
विश्व नवजात शिशु सप्ताह 2025 – शिशु को ऊपरी दूध पिलाने के नुकसान:
- बच्चे को ऊपरी दूध पिलाने से संक्रामक रोगों की आशंका बनी रहती है
- ऊपरी दूध पिलाने से बच्चे को सही मात्रा में प्रोटीन, फैट, विटामिन व मिनरल नहीं मिल पाता साथ ही बच्चे को एलर्जी का खतरा बना रहता है.
- ऊपरी दूध पिलाने से बच्चे की बौद्धिक क्षमता के विकास में दिक्कत आती है.
विश्व नवजात शिशु सप्ताह 2025 – स्तनपान के बारे में कुछ रोचक तथ्य:
- एक रिपोर्ट के मुताबिक दुनियाभर में 0-6 महीने की आयु में केवल 38% शिशु ही स्तनपान कर पाते है.
- एक रिपोर्ट के मुताबिक जल्दी (पहले घंटे के भीतर) स्तनपान कराने से 20% नवजात शिशु मृत्यु को रोका जा सकता है.
- अगर शिशुओं को पहले 6 महीने तक पूर्णरूप से स्तनपान कराया जाता हैं, तो बच्चे की डायरिया/दस्त से मरने की संभावना 11 बार कम होती है और निमोनिया से मरने की संभावना 15 गुना कम हो जाती है.
- स्तनपान कम से कम महंगा है.
इस सभी कारणों की वजह से 1 अगस्त से 7 अगस्त तक दुनिया यानी के हर देश में विश्व स्तनपान सप्ताह मनाया जाता है. उम्मीद करता हु आपको दी गयी जानकारी पसंद आएगी. हमें कमेंट करके अपना अनुभव जरूर भेजे.